वैशाख पूर्णिमा के पावन अवसर पर बुद्ध पूर्णिमा का आयोजन अत्यंत श्रद्धा, गरिमा और आध्यात्मिक भावनाओं के साथ सम्राट अशोक बुद्ध विहार, देवरी रुखारा, जनपद लखनऊ में सम्पन्न हुआ। यह पावन दिवस भगवान गौतम बुद्ध के जन्म, ज्ञान प्राप्ति एवं महापरिनिर्वाण की स्मृति में मनाया जाता है, जो मानव जीवन को सत्य, शांति और करुणा का मार्ग दिखाता है।
इस अवसर पर उपस्थित जनसमूह को भगवान बुद्ध के करुणा, अहिंसा, समता और तर्कशीलता पर आधारित विचारों से अवगत कराया गया। वक्ताओं ने समाज के प्रत्येक वर्ग से आह्वान किया कि वे बुद्ध के वैज्ञानिक एवं मानवीय दृष्टिकोण को अपने जीवन में अपनाकर एक शांतिपूर्ण और समरस समाज के निर्माण में योगदान दें।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से प्रो. मुन्ना सिंह (लखनऊ विश्वविद्यालय), राकेश कुमार (राज्य सूचना आयुक्त), ऊषा शेन जी (चिनहट ब्लॉक प्रमुख) सहित कार्यक्रम के संयोजक चंद्र मास्टर जी, राम कुमार मौर्य जी एवं अभिषेक वर्मा की गरिमामयी उपस्थिति रही।
अपने विचार व्यक्त करते हुए वक्ताओं ने कहा कि भगवान बुद्ध का संदेश किसी एक धर्म तक सीमित नहीं है, बल्कि संपूर्ण मानवता के लिए प्रेरणास्रोत है। वर्तमान समय में जब समाज को शांति, सहिष्णुता और विवेक की अत्यंत आवश्यकता है, तब बुद्ध के विचार और भी अधिक प्रासंगिक हो जाते हैं।
यह आयोजन सामाजिक एकता, वैचारिक जागरूकता और मानवीय मूल्यों को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण और प्रेरणादायी प्रयास के रूप में सामने आया।